आज की ताजा खबर
करोड़ों खर्च, फिर भी शुद्ध पेयजल से वंचित ग्रामीण; चार साल बाद भी अधूरी पड़ी जल जीवन मिशन की योजनाएं
Lucknow Cyber Fraud: फर्जी कॉल सेंटर का भंडाफोड़, 119 गिरफ्तार, 250 करोड़ की ठगी का खुलासा | UP News
बेटी के जन्म पर महाराजा भवन में मना 'लक्ष्मी उत्सव', लड्डू महाराज ने नातिन के चरण माथे लगाकर की पूजा
लोहिया पार्क में योग की गूंज, अंतरराष्ट्रीय योग दिवस पर सैकड़ों योग साधकों ने किया सामूहिक योगाभ्यास
GSVM मेडिकल कॉलेज में खुलेगी AI आधारित लो विजन यूनिट, धुंधली दृष्टि वाले मरीजों को मिलेगा बड़ा सहारा
- होम
-
राज्य
- राजस्थान
- बिहार
- दिल्ली
- उत्तराखंड
-
उत्तर प्रदेश
- लखनऊ
- कानपुर-नगर
- बुंदेलखंड
- सीतापुर
- सुल्तानपुर
- रायबरेली
- बरेली
- पीलीभीत
- अमेठी
- बाराबंकी
- हरदोई
- कुशीनगर
- प्रयागराज
- अयोध्या
- गोरखपुर
- गोंडा
- बहराइच
- कौशांबी
- लखीमपुर
- शाहजहांपुर
- उन्नाव
- फतेहपुर
- कानपुर-देहात
- औरैया
- इटावा
- मैनपुरी
- फर्रुखाबाद
- कन्नौज
- आगरा
- फिरोजाबाद
- अलीगढ़
- एटा
- मथुरा
- गाजियाबाद
- उरई
- हमीरपुर
- चित्रकूट
- बांदा
- महोबा
- झांसी
- ललितपुर
- मध्य प्रदेश
- मनोरंजन
- बिजनेस
- करियर
- राशिफल
- लाइफस्टाइल
- खेल
- देश
- राजनीति
- दुनिया
चेयरमैन व सभासदों ने नाला निर्माण की जांच को लेकर डीएम को सौपा ज्ञापनउच्च स्तरीय जांच की मांग
- दैनिक लोक भारती
- 29 Jul, 2026
अमेठी I अमेठी नगर पंचायत क्षेत्र में विभिन्न योजनाओं के तहत कराए गए नाला निर्माण कार्यों की गुणवत्ता को लेकर नगर पंचायत अध्यक्ष अंजू कसौधन और सभासदों ने जिलाधिकारी संजय चौहान को ज्ञापन सौंपकर निष्पक्ष एवं उच्च स्तरीय जांच की मांग की है।
बुधवार को नगर पंचायत अध्यक्ष अंजू कसौधन सभासदों के साथ जिला मुख्यालय पहुंचीं और नगर पंचायत क्षेत्र में नाला निर्माण कार्यों को लेकर प्राप्त शिकायतों के संबंध में जिलाधिकारी से विस्तृत चर्चा की। इस दौरान उन्होंने पूरे मामले की पारदर्शी और निष्पक्ष जांच कराए जाने की मांग की।
ज्ञापन में सभासदों ने मांग की कि जांच समिति में कम से कम सहायक अभियंता (Assistant Engineer) स्तर के अधिकारी को शामिल किया जाए, ताकि निर्माण कार्यों की तकनीकी जांच निष्पक्ष और पारदर्शी तरीके से हो सके।
उन्होंने यह भी मांग की कि यदि जांच में किसी ठेकेदार, फर्म, अधिकारी या कर्मचारी की लापरवाही अथवा अनियमितता सामने आती है तो उसके खिलाफ तत्काल एफआईआर दर्ज कराई जाए। साथ ही संबंधित ठेकेदार एवं फर्म को ब्लैकलिस्ट करते हुए नियमानुसार कड़ी विभागीय और कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
नगर पंचायत प्रतिनिधियों ने कहा कि विकास कार्यों में गुणवत्ता और पारदर्शिता बनाए रखना प्रशासन की प्राथमिक जिम्मेदारी है और जनहित से जुड़े मामलों में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जानी चाहिए।
Leave a Reply
Your email address will not be published. Required fields are marked *

ई_पेपर







